नई दिल्ली
। राजधानी की सभी रामलीला समितियों के प्रतिनिधि संगठन श्री रामलीला महासंघ की विशेष बैठक संविधान क्लब, नई दिल्ली में महासंघ के अध्यक्ष अर्जुन कुमार की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में दिल्ली की विभिन्न रामलीला समितियों के सैकड़ों प्रतिनिधियों ने भाग लिया और रामलीला आयोजन से जुड़ी समस्याओं एवं उनके समाधान पर विस्तार से चर्चा की।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि वर्ष 2026 में दशहरा पर्व 20 अक्टूबर को पूरे देश में मनाया जाएगा। साथ ही यह भी घोषणा की गई कि रामलीला महोत्सव 11 अक्टूबर से 21 अक्टूबर 2026 तक आयोजित किया जाएगा।
महासंघ के अध्यक्ष अर्जुन कुमार ने कहा कि पिछले वर्ष दिल्ली सरकार ने रामलीला समितियों को 1200 यूनिट तक निःशुल्क बिजली उपलब्ध कराई थी, जिसके लिए महासंघ सरकार का आभार व्यक्त करता है। उन्होंने मांग की कि इस वर्ष सभी रामलीला समितियों को पूरी तरह निःशुल्क बिजली उपलब्ध कराई जाए। इसके साथ ही दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) से अनुरोध किया गया कि अन्य विभागों की तरह रामलीलाओं के लिए अपने मैदान 45 दिनों तक बिना किसी शुल्क के उपलब्ध कराए जाएं।
महासंघ के महामंत्री सुभाष गोयल ने सुझाव दिया कि दिल्ली के जिन मैदानों में नियमित रूप से रामलीला का मंचन होता है, उन्हें आधिकारिक रूप से “उत्सव स्थल (रामलीला)” घोषित किया जाना चाहिए, ताकि उनकी पहचान और संरक्षण सुनिश्चित हो सके।
बैठक के दौरान भाजपा दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय राज्य मंत्री Harsh Malhotra का रामलीला समितियों की ओर से विशेष सम्मान किया गया। उन्हें भगवान हनुमान की शक्ति का प्रतीक गदा, शॉल और अन्य स्मृति चिह्न भेंट किए गए। मंच पर उपस्थित सांसदों को भी रामनामी पटका और गदा देकर सम्मानित किया गया।
अपने संबोधन में हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि रामकाज में किसी भी प्रकार की बाधा नहीं आने दी जाएगी और रामलीला शुरू होने से पहले आयोजन से संबंधित सभी समस्याओं का समाधान कराया जाएगा। सांसद Praveen Khandelwal ने कहा कि पिछले वर्ष भी रामलीलाओं के लिए प्रयास किए गए थे और जो समस्याएं शेष रह गई हैं, उन्हें सभी सांसद मिलकर दूर करेंगे।
सांसद Ramvir Singh Bidhuri ने कहा कि रामलीलाएं भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि रामलीला समितियों की समस्याओं को लेकर सांसद केंद्रीय गृहमंत्री Amit Shah तथा दिल्ली के उपराज्यपाल Tarunjit Singh Sandhu से मिलकर समाधान सुनिश्चित करेंगे।
सांसद Kamaljeet Sehrawat ने कहा कि केंद्र, दिल्ली और नगर निगम में रामभक्तों की सरकार है तथा रामलीला समितियों की सभी समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। उन्होंने दिल्ली की मुख्यमंत्री Rekha Gupta के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि दिल्ली सरकार और नगर निगम के स्तर पर भी आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ दिल्ली के संघचालक डॉ. अनिल अग्रवाल, कश्मीरी गेट रामलीला कमेटी के जत्थेदार अवतार सिंह, पीतमपुरा रामलीला कमेटी के संजय बगड़िया, करोल बाग श्री सनातन धर्म रामलीला समिति के प्रवीण कपूर, शालीमार बाग रामलीला कमेटी के शिव शंकर नागर, ढक्का गांव रामलीला कमेटी के जोगिंद्र पाल सहित दिल्ली की विभिन्न रामलीला समितियों के पदाधिकारियों ने अपने विचार रखे और आयोजन संबंधी सुझाव प्रस्तुत किए।


