नई दिल्ली, 15 अगस्त। उत्तर-पूर्वी दिल्ली में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सरगम सामाजिक संस्था, शमां एजुकेशनल एंड पॉलिटेक्निक सोसायटी, जाफराबाद आरडब्ल्यूए और नागरिक सुरक्षा समिति के संयुक्त तत्वावधान में स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में देशभक्ति, आपसी भाईचारे और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। मुख्य अतिथि उत्तर-पूर्वी जिले के पुलिस उपायुक्त राहुल अलवाल ने लोगों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि देश के लिए बड़े बलिदान देना महान कार्य है, लेकिन अपने हिस्से की छोटी-छोटी समाज सेवा भी बड़ी देशभक्ति है।
राहुल अलवल ने कहा कि खाने के बाद रैपर डस्टबिन में डालना, किसी प्यासे को पानी पिलाना, जरूरतमंद को सड़क पार कराना या किसी से मुस्कुराकर बात करना जैसे छोटे कार्य भी देशभक्ति का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि यह भावना केवल स्वतंत्रता दिवस तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि जीवन के हर दिन समाज के प्रति जिम्मेदारी निभानी चाहिए। इससे देश और युवा पीढ़ी मजबूत होगी तथा शहीदों को यही सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

संस्था के राष्ट्रीय महासचिव डॉ. मोहम्मद फहीम बेग ने बताया कि उनकी संस्थाएं पिछले 30 वर्षों से स्वतंत्रता दिवस पर इस तरह के कार्यक्रम आयोजित कर रही हैं। कार्यक्रम में मदरसे के बच्चों ने सिर पर तिरंगे की पट्टी बांधकर देश की सुरक्षा और विकास के लिए दुआ की।
कार्यक्रम में एसीपी सहदेव राणा, एसीपी तनवीर अशरफ और एटीओ किरणपाल विशेष अतिथि के रूप में मौजूद रहे। मुफ्ती इजहार अशरफ ने कहा कि देश को अंग्रेजों की गुलामी से आजाद कराने में हर धर्म और समुदाय के लोगों ने बलिदान दिया है। वहीं मुफ्ती आबिद ने कहा कि देश से प्रेम के साथ पेड़-पौधों, जमीन, नदियों, परिंदों और इंसानों से प्रेम करना भी जरूरी है।
केपी सिंह सिसोदिया ने बुजुर्गों से युवा पीढ़ी को देशप्रेम और सही रास्ते पर चलने की प्रेरणा देने का आह्वान किया। केंद्रीय विद्यालय कड़कड़डूमा की आठवीं कक्षा के छात्र मोहम्मद अमश बेग ने स्वतंत्रता दिवस पर पतंगबाजी से होने वाले हादसों की ओर ध्यान दिलाते हुए शहीदों के जीवन से प्रेरणा लेने की अपील की।
मदरसा अरबिया फलाह-ए-दारेन के 10 वर्षीय छात्र मोहम्मद दिलशाद ने देशभक्ति की कविता प्रस्तुत कर लोगों का मन मोह लिया। संजीव शर्मा, महाराज सिंह, आसिफ खान समेत अन्य वक्ताओं ने भी अमन और भाईचारे का संदेश दिया।
कार्यक्रम के अंत में बच्चों ने “सारे जहां से अच्छा हिंदुस्तान हमारा” जैसे देशभक्ति के नारों के साथ क्षेत्र में एकता, प्रेम और भाईचारे का संदेश दिया। कार्यक्रम को सफल बनाने में हाजी शफीक, डॉ. सय्यद एहतेशाम, सय्यद शाहिद राहत, मोहम्मद साबिर, डॉ. खुर्शीद आलम, मोहम्मद आसिफ, कारी यूसुफ समेत कई लोगों ने सहयोग किया।


